Ayodhya Deepotsav 2026: उत्तर प्रदेश की धार्मिक नगरी अयोध्या एक बार फिर भव्य दीपोत्सव के रंग में रंगने जा रही है। बृहस्पतिवार से पांच दिवसीय दीपोत्सव का शुभारंभ होगा। इस दौरान सरयू तट से लेकर श्रीराम जन्मभूमि परिसर तक दीपों की रोशनी, रामकथा और सांस्कृतिक कार्यक्रमों की अद्भुत छटा देखने को मिलेगी। मंदिरों की नगरी अयोध्या को भव्य तरीके से सजाया गया है। शहर के प्रमुख मार्गों, मंदिरों और आयोजन स्थलों पर उत्सव की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच चुकी हैं।
दीपों से रोशन होंगे 56 घाट
इस बार दीपोत्सव का मुख्य आकर्षण राम की पैड़ी के 56 घाट होंगे, जहां करीब 30 लाख दीप सजाए जाने हैं। घाटों पर दीपों को व्यवस्थित तरीके से बिछाने का काम तेजी से चल रहा है। इस भव्य आयोजन को सफल बनाने के लिए बड़ी संख्या में स्वयंसेवक और कर्मचारी जुटे हुए हैं। सात नवंबर को दीपोत्सव का मुख्य आयोजन होगा। इस दिन राम की पैड़ी के सभी घाट लाखों दीपों की रोशनी से जगमगाते नजर आएंगे। सरयू तट पर दीपों की यह अद्भुत छटा श्रद्धालुओं और पर्यटकों के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र बनेगी।
पांच देशों की रामलीला मंडलियां दिखाएंगी कला
इस बार अयोध्या का दीपोत्सव केवल दीपों की रोशनी तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि इसमें अंतरराष्ट्रीय संस्कृति की भी झलक देखने को मिलेगी। आयोजन में पांच देशों की रामलीला मंडलियां हिस्सा लेंगी। ये मंडलियां भगवान श्रीराम के जीवन से जुड़े विभिन्न प्रसंगों का मंचन करेंगी। इनके माध्यम से अलग-अलग देशों में प्रचलित रामकथा की परंपराओं और सांस्कृतिक विशेषताओं को करीब से जानने का अवसर मिलेगा। अंतरराष्ट्रीय कलाकारों की प्रस्तुतियां दीपोत्सव को वैश्विक सांस्कृतिक पहचान देने का काम करेंगी।
लोक संस्कृति और परंपराओं का दिखेगा रंग

दीपोत्सव में देश के विभिन्न राज्यों से आने वाले कलाकार भी अपनी प्रस्तुतियों से समां बांधेंगे। लोक नृत्य, पारंपरिक संगीत, रंग-बिरंगी वेशभूषा और क्षेत्रीय लोक परंपराओं के जरिए भारत की सांस्कृतिक विविधता प्रस्तुत की जाएगी। अलग-अलग राज्यों की कलात्मक विरासत एक ही मंच पर दिखाई देगी। इससे अयोध्या का दीपोत्सव धार्मिक आस्था के साथ-साथ भारतीय संस्कृति और परंपराओं के उत्सव के रूप में भी खास पहचान बनाएगा।
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लेजर शो और प्रोजेक्शन मैपिंग से बढ़ेगी भव्यता
दीपोत्सव को आधुनिक तकनीक से भी खास बनाया जा रहा है। बृहस्पतिवार से ही अयोध्या में लेजर शो, प्रोजेक्शन मैपिंग और विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन शुरू हो जाएगा। इन तकनीकों के माध्यम से भगवान श्रीराम के जीवन से जुड़े प्रसंगों और रामकथा को आकर्षक अंदाज में प्रस्तुत किया जाएगा। पारंपरिक दीपों की रोशनी के साथ आधुनिक तकनीक का यह मेल आयोजन को और भी भव्य बनाएगा। पांच दिनों तक रामनगरी में धार्मिक, सांस्कृतिक और मनोरंजक कार्यक्रमों की धूम रहेगी।
श्रद्धालुओं के लिए तैयार हो रही रामनगरी
दीपोत्सव को लेकर अयोध्या की गलियों और प्रमुख आयोजन स्थलों पर उत्सव का माहौल बनने लगा है। तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा रहा है। राम की पैड़ी के घाटों पर दीप सजाने से लेकर सांस्कृतिक कार्यक्रमों के मंच तैयार करने तक विभिन्न विभागों की टीमें लगातार काम कर रही हैं। आयोजन के दौरान अयोध्या आने वाले श्रद्धालुओं और पर्यटकों को धार्मिक आस्था के साथ भारतीय परंपराओं और आधुनिक प्रस्तुतियों का अनूठा अनुभव देखने को मिलेगा।
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रामभक्तों को व्हाट्सएप पर भेजा जा रहा शुभकामना संदेश
दीपावली के अवसर पर श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र की ओर से श्रीराम मंदिर निर्माण में सहयोग करने वाले रामभक्तों के प्रति आभार भी व्यक्त किया जा रहा है। ट्रस्ट की ओर से सहयोगकर्ताओं को व्हाट्सएप के माध्यम से दीपावली की शुभकामनाएं और धन्यवाद संदेश भेजे जा रहे हैं। इन संदेशों के साथ पीडीएफ प्रारूप में आभार-पत्र भी संलग्न किया गया है। इसके जरिए मंदिर निर्माण में योगदान देने वाले रामभक्तों को पर्व की बधाई देने के साथ उनके सहयोग के प्रति कृतज्ञता व्यक्त की जा रही है।

Tannu Chauhan एक अनुभवी डिजिटल कंटेंट राइटर हैं। उन्हें डिजिटल मीडिया और समाचार लेखन का लगभग 3 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने Royal Bulletin और Moradabad Live News में डिजिटल कंटेंट राइटर के रूप में कार्य किया है। वर्तमान में वह UP News 24 के लिए विभिन्न विषयों पर तथ्यात्मक, विश्वसनीय और पाठक-केंद्रित समाचार एवं डिजिटल कंटेंट तैयार करती हैं। Read More..










