दुल्हन बनने वाली थी बेटी, घर पहुंची खून से सनी लाश; मां का कलेजा फट गया

Varanasi Shreya Murder: वाराणसी में एमएससी छात्रा श्रेया उर्फ मोनू की शादी से पहले हत्या कर दी गई। परिवार ने दूर के रिश्तेदार पर अपहरण और संपत्ति के लालच में हत्या का आरोप लगाया है। कमरे के बाथरूम में छात्रा की खून से सनी लाश मिली।


August 21, 2026 by

Varanasi Shreya Murder News: वाराणसी में 22 वर्षीय एमएससी छात्रा श्रेया उर्फ मोनू की हत्या से उसके परिवार में कोहराम मचा हुआ है। जिस बेटी को माता-पिता कुछ ही महीनों बाद दुल्हन के रूप में देखना चाहते थे, उसकी खून से सनी लाश देखकर मां रीता उपाध्याय का कलेजा फट पड़ा। श्रेया जगतपुर पीजी कॉलेज में एमएससी की छात्रा थी और अपने माता-पिता की इकलौती संतान थी। उसकी शादी मिर्जापुर में तय हो चुकी थी और घर में विवाह की तैयारियां शुरू हो गई थीं।

रिंग सेरेमनी की तैयारियों के बीच मौत

परिजनों के मुताबिक, श्रेया की 22 नवंबर को रिंग सेरेमनी और 26 फरवरी को शादी होनी थी। परिवार बेटी की शादी को लेकर उत्साहित था। लेकिन 18 अगस्त को कॉलेज जाने के लिए घर से निकली श्रेया वापस नहीं लौटी। अगले दिन उसका शव बच्छांव पश्चिमपुरा स्थित एक किराये के कमरे के बाथरूम में खून से लथपथ मिला। घटना ने परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया।

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कॉलेज पहुंची ही नहीं थी श्रेया

कॉलेज पहुंची ही नहीं थी श्रेया

चचेरे भाई अंशुमान के अनुसार, 18 अगस्त को श्रेया रोज की तरह कॉलेज जाने की बात कहकर घर से निकली थी। देर शाम तक जब वह वापस नहीं लौटी तो परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। परिवार कॉलेज पहुंचा तो वहां पता चला कि श्रेया उस दिन कॉलेज आई ही नहीं थी। इसके बाद परिजनों ने राजातालाब थाने और जक्खिनी पुलिस चौकी में सूचना दी। पुलिस ने गुमशुदगी दर्ज कर छात्रा के मोबाइल की लोकेशन तलाशनी शुरू की।

मोबाइल लोकेशन ने बढ़ाई चिंता

परिवार का दावा है कि पुलिस जांच में श्रेया के मोबाइल की लोकेशन बच्छांव पश्चिमपुरा स्थित एक मकान में मिली। परिजन रात करीब 11 बजे पुलिस के साथ वहां पहुंचे। उस समय मोबाइल चालू था और उसकी लोकेशन उसी मकान से मिल रही थी। परिवार को उम्मीद थी कि श्रेया कमरे के अंदर मौजूद होगी, लेकिन आरोप है कि कमरे का दरवाजा नहीं खुलवाया गया और तत्काल तलाशी नहीं ली गई।

पिता ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठाए सवाल

श्रेया के पिता सुनील उपाध्याय का आरोप है कि रात में पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन कमरे को खुलवाकर अंदर की जांच नहीं की गई। परिवार का कहना है कि अगर उसी समय कमरे की तलाशी ली जाती तो शायद घटना की सच्चाई पहले सामने आ सकती थी। पुलिस की भूमिका को लेकर परिजनों ने गंभीर सवाल उठाए हैं और मामले में लापरवाही की जांच की मांग की है।

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चाबी लेकर खोला गया बंद कमरा

19 अगस्त की सुबह परिजन दोबारा बच्छांव पहुंचे और आसपास के लोगों से जानकारी जुटाई। मकान मालिक से पूछताछ के दौरान पता चला कि विवेक चौबे नाम का युवक करीब दो महीने से वहां किराये पर रह रहा था। मकान मालिक ने उसका आधार कार्ड भी परिवार को उपलब्ध कराया। इससे परिजनों का शक विवेक पर गहरा गया।

ननिहाल में मिला बैग और बाइक

परिजन विवेक की तलाश में उसके ननिहाल भुवालपुर, सीखड़, मिर्जापुर पहुंचे। वहां लोगों ने बताया कि विवेक 18 अगस्त की शाम आया था और अपनी मोटरसाइकिल व बैग वहीं छोड़कर चला गया। उसके बैग में कमरे की चाबी मिली। इसके बाद परिवार चाबी लेकर बच्छांव स्थित किराये के मकान पर पहुंचा और गुरुवार सुबह करीब 10:30 बजे कमरे का दरवाजा खोला गया।

बाथरूम में मिली श्रेया की लाश

कमरे का दरवाजा खुलते ही अंदर का दृश्य देखकर परिजनों के होश उड़ गए। बाथरूम में श्रेया का शव खून से लथपथ पड़ा था। धारदार हथियार से उसका गला रेते जाने की बात सामने आई। बेटी की हालत देखकर मां रीता उपाध्याय बदहवास हो गईं। परिवार की चीख-पुकार सुनकर आसपास मौजूद लोगों की भी आंखें नम हो गईं।

रिश्तेदार पर अपहरण और हत्या का आरोप

परिजनों ने दूर के रिश्तेदार नियारडीह, चोलापुर निवासी विवेक चौबे पर श्रेया को अगवा कर हत्या करने का आरोप लगाया है। परिवार का कहना है कि विवेक जबरन श्रेया से बातचीत करता था और उसे परेशान करता था। आरोप है कि वह वीडियो कॉल के दौरान उसके पिता को जान से मारने की धमकी भी देता था। श्रेया ने इस संबंध में अपने पिता को जानकारी दी थी।

संपत्ति के लालच का आरोप

परिजनों ने प्रेम प्रसंग की किसी भी संभावना से इनकार किया है। उनका आरोप है कि विवेक की नजर परिवार की संपत्ति पर थी। चूंकि श्रेया अपने माता-पिता की इकलौती बेटी थी, इसलिए आरोपी कथित तौर पर उससे शादी करना चाहता था। परिवार का दावा है कि विवेक को उम्मीद थी कि शादी होने के बाद संपत्ति उसके नाम हो सकती है। श्रेया की शादी दूसरी जगह तय होने के बाद वह नाराज हो गया और इसी वजह से वारदात को अंजाम देने का आरोप लगाया गया है।

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शादी तय होने से बढ़ी रंजिश की आशंका

परिजनों के मुताबिक, श्रेया की शादी मिर्जापुर में तय हो चुकी थी। घर में रिंग सेरेमनी और विवाह की तैयारियां चल रही थीं। परिवार का आरोप है कि श्रेया की शादी कहीं और तय होने से विवेक चौबे नाराज था। इसी रंजिश में उसने छात्रा को रास्ते से अगवा किया और किराये के कमरे में ले जाकर उसकी हत्या कर दी।

आरोपी के पिता और मकान मालिक से पूछताछ

हत्या की जानकारी मिलने के बाद रोहनिया पुलिस ने किराये के मकान के मालिक विवेक द्विवेदी को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की। पुलिस यह पता लगाने में जुटी है कि विवेक चौबे कमरे में कब से रह रहा था और श्रेया वहां कैसे पहुंची। दूसरी ओर क्राइम ब्रांच की टीम आरोपी के गांव पहुंची और उसके पिता को भी हिरासत में लेकर पूछताछ की। पुलिस आरोपी की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।

आरोपी का बैंक से जुड़ा था काम

आरोपी का बैंक से जुड़ा था काम

पुलिस की शुरुआती जानकारी के अनुसार, विवेक चौबे पहले एक बैंक में संविदाकर्मी के तौर पर काम कर चुका है। बताया जा रहा है कि वह प्रधानी का चुनाव लड़ने की तैयारी भी कर रहा था। अब पुलिस उसके पुराने रिकॉर्ड, संपर्कों और घटना से पहले की गतिविधियों की जानकारी जुटा रही है।

मोबाइल से खुलेगा हत्या का राज

श्रेया का मोबाइल पुलिस ने कब्जे में लेकर फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा है। जांच टीम मोबाइल में मौजूद कॉल डिटेल, चैट, फोटो, वीडियो और दूसरे डिजिटल साक्ष्यों को खंगाल रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हत्या से पहले श्रेया की किस-किस व्यक्ति से बातचीत हुई थी और 18 अगस्त को उसकी गतिविधियां क्या थीं।

चार टीमों ने शुरू की जांच

डीसीपी गोमती जोन नीतू कात्यायन के मुताबिक, मामले की जांच और आरोपी की गिरफ्तारी के लिए चार टीमें गठित की गई हैं। पुलिस मोबाइल लोकेशन, कॉल डिटेल, घटनास्थल से मिले साक्ष्य और आरोपी की गतिविधियों को जोड़कर मामले की कड़ियां तलाश रही है। पुलिस का कहना है कि जल्द ही हत्या के पीछे की वास्तविक वजह और वारदात में शामिल लोगों की भूमिका स्पष्ट की जाएगी।

इकलौती बेटी की मौत से परिवार टूट गया

इकलौती बेटी की मौत से परिवार टूट गया

श्रेया के पिता सुनील उपाध्याय चंदापुर में कपड़े की दुकान चलाते हैं। परिवार की इकलौती बेटी की शादी तय होने के बाद घर में खुशियों का माहौल था। लेकिन कुछ ही दिनों में वही घर मातम में बदल गया। मां जिस बेटी को दुल्हन के जोड़े में देखने का सपना संजोए बैठी थीं, उन्हें उसकी खून से सनी लाश देखनी पड़ी। अब परिवार आरोपी की गिरफ्तारी और कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहा है।

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