UPI MDR Protest Rampur: रामपुर में शुक्रवार दोपहर कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने यूपीआई के प्रस्तावित मर्चेंट डिस्काउंट रेट (MDR) के विरोध में प्रदर्शन किया। कार्यकर्ता प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के मौके पर भाजपा सरकार के मंत्री बलदेव सिंह औलख को जनहित से जुड़े मुद्दों का ‘गिफ्ट’ देने के लिए ज्ञापन सौंपने जा रहे थे। हालांकि, पुलिस ने उन्हें पूर्व विधायक संजय कपूर के कैंप कार्यालय से आगे जाने की अनुमति नहीं दी।
कैंप कार्यालय के बाहर बैरिकेडिंग
कांग्रेस कार्यकर्ताओं को आगे बढ़ने से रोकने के लिए कैंप कार्यालय के बाहर बैरिकेडिंग की गई थी। मौके पर सिविल लाइंस थाना पुलिस के अलावा अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात रहा। पुलिस की मौजूदगी के बीच कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने यूपीआई में एमडीआर व्यवस्था को लेकर विरोध जताया और सरकार से इसे लेकर स्थिति स्पष्ट करने की मांग की।
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छोटे कारोबारियों पर बोझ का आरोप

प्रदर्शन कर रहे कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने कहा कि एमडीआर व्यवस्था का असर आम जनता के साथ-साथ छोटे दुकानदारों, रेहड़ी-पटरी वालों और मझोले व्यापारियों पर पड़ सकता है। उनका कहना था कि डिजिटल भुगतान व्यवस्था में किसी भी तरह की अतिरिक्त या गलत वसूली से छोटे कारोबारियों की लागत बढ़ सकती है।
रास्ता रोके जाने पर मौके पर ज्ञापन
पुलिस द्वारा कार्यकर्ताओं को आगे जाने से रोकने के बाद सिटी मजिस्ट्रेट मौके पर पहुंचे। उन्होंने कांग्रेस नेताओं से राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन लिया। ज्ञापन के माध्यम से एमडीआर के नाम पर आम जनता और छोटे कारोबारियों से किसी भी प्रकार की गलत वसूली रोकने की मांग की गई।
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संजय कपूर ने बताया ‘जनहित का गिफ्ट’
पूर्व विधायक संजय कपूर ने कहा कि कांग्रेस कार्यकर्ता प्रधानमंत्री के जन्मदिन पर भाजपा सरकार को जनहित से जुड़े मुद्दों का ‘गिफ्ट’ देने जा रहे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस ने उन्हें रास्ते में ही रोक दिया। संजय कपूर ने कहा कि अगर उन्हें यहां से आगे नहीं जाने दिया गया तो वे यह ‘गिफ्ट’ कोरियर के माध्यम से प्रधानमंत्री को भेज देंगे।
एमडीआर को पारदर्शी रखने की मांग
कांग्रेस की ओर से दिए गए ज्ञापन में यूपीआई एमडीआर की दर और इसे लागू किए जाने की स्थिति को पूरी तरह पारदर्शी रखने की मांग की गई। पार्टी ने कहा कि कारोबारियों और आम लोगों को यह स्पष्ट रूप से बताया जाना चाहिए कि किन परिस्थितियों में एमडीआर लागू होगा और किन लेन-देन पर इसका प्रावधान नहीं है।
छोटे व्यापारियों को जानकारी देने की मांग

ज्ञापन में छोटे व्यापारियों को शून्य एमडीआर से जुड़े प्रावधानों की स्पष्ट जानकारी उपलब्ध कराने की मांग भी की गई। कांग्रेस ने शिकायतों के समाधान के लिए सरल और सुलभ व्यवस्था बनाने की बात कही, ताकि किसी व्यापारी या ग्राहक से गलत तरीके से शुल्क वसूले जाने की स्थिति में वह आसानी से शिकायत दर्ज करा सके।
सरकार ने एमडीआर को लेकर क्या कहा
केंद्र सरकार के अनुसार, पात्र छोटे व्यापारियों और 2,000 रुपये तक के व्यापारी भुगतान पर शून्य एमडीआर जारी रहेगा। वहीं, निर्धारित श्रेणी के 2,000 रुपये से अधिक के पी2एम यानी व्यक्ति से व्यापारी को होने वाले लेन-देन पर 0.4 प्रतिशत एमडीआर लागू होगा।
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ग्राहक से सीधे शुल्क लेने की बात नहीं
सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि एमडीआर कोई टैक्स नहीं है और निर्धारित व्यवस्था के तहत यह शुल्क ग्राहक से सीधे नहीं लिया जाना है। ऐसे में एमडीआर को लेकर कांग्रेस के प्रदर्शन के बीच सरकार की ओर से लागू प्रावधानों और शुल्क व्यवस्था को लेकर स्थिति स्पष्ट की गई है।
रामपुर में प्रदर्शन से सियासी हलचल
रामपुर में यूपीआई एमडीआर को लेकर कांग्रेस का यह प्रदर्शन ऐसे समय हुआ, जब कार्यकर्ता मंत्री को ज्ञापन सौंपने के लिए आगे बढ़ रहे थे। पुलिस की बैरिकेडिंग के बाद उन्हें मौके पर ही रोक दिया गया और सिटी मजिस्ट्रेट ने राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन स्वीकार किया। प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस ने छोटे कारोबारियों और आम जनता से जुड़ी अपनी मांगों को प्रमुखता से उठाया।

Tannu Chauhan एक अनुभवी डिजिटल कंटेंट राइटर हैं। उन्हें डिजिटल मीडिया और समाचार लेखन का लगभग 3 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने Royal Bulletin और Moradabad Live News में डिजिटल कंटेंट राइटर के रूप में कार्य किया है। वर्तमान में वह UP News 24 के लिए विभिन्न विषयों पर तथ्यात्मक, विश्वसनीय और पाठक-केंद्रित समाचार एवं डिजिटल कंटेंट तैयार करती हैं। Read More..














