पहले 2 लाख में खरीदा, फिर 5 लाख में बेचने की तैयारी! बिजनौर में बच्चे की खरीद-फरोख्त का खुलासा!

Bijnor Crime: बिजनौर के नगीना में 14 माह के बच्चे की खरीद-फरोख्त के मामले में पुलिस ने छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने बच्चे को सकुशल बरामद कर परिजनों को सौंप दिया।


September 29, 2026 • by

Bijnor Crime News: बिजनौर जिले के नगीना क्षेत्र में 14 माह के बच्चे की खरीद-फरोख्त का मामला सामने आया है। पुलिस ने मामले में छह आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए मासूम को सकुशल बरामद कर उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया है। पुलिस के मुताबिक, आर्थिक तंगी के चलते बच्चे को पहले 2 लाख रुपये में लिया गया और बाद में उसे 5 लाख रुपये में संतानहीन दंपती को देने की बात सामने आई है। एसपी केके विश्नोई ने मंगलवार दोपहर करीब 1:30 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस कर पूरे मामले का खुलासा किया।

पालन-पोषण के नाम पर दिया था बच्चा

भुरापुर निवासी ताजुद्दीन ने 28 सितंबर को नगीना पुलिस को तहरीर देकर अपनी बहन के 14 माह के बेटे की खरी-फरोख्त किए जाने की शिकायत की थी। तहरीर के मुताबिक, उसकी बहन शबनम पत्नी फरमान निवासी नैनपुरा ने बच्चे की देखभाल और पालन-पोषण के लिए उसे शफीकन पत्नी फरीद और फरीद पुत्र अब्दुल रशीद को सौंपा था। आरोप है कि बच्चे की जिम्मेदारी लेने के बाद शफीकन और फरीद ने अन्य लोगों के साथ मिलकर उसे दूसरे लोगों को बेच दिया।

शिकायत मिलते ही पुलिस ने शुरू की जांच

शिकायत मिलते ही पुलिस ने शुरू की जांच

आरोपियों तक पहुंची पुलिस: बच्चे की खरीद-फरोख्त की शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने मामले की जांच शुरू की। जांच के दौरान बच्चे को एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति तक पहुंचाने और रुपयों के लेन-देन से जुड़ी जानकारियां सामने आईं। पुलिस ने पूछताछ और जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर कार्रवाई करते हुए छह आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक, मामले में बच्चे के जैविक माता-पिता से लेकर खरीदारों तक की भूमिका की जांच की गई।

आर्थिक तंगी में बच्चे को देने का लिया फैसला

पुलिस पूछताछ में सामने आया कि शबनम और फरमान के पहले से चार बच्चे थे। इसके बाद उनके यहां जुड़वां बच्चों का जन्म हुआ, जिनमें एक बेटा और एक बेटी शामिल थे। पुलिस के अनुसार, परिवार आर्थिक परेशानी से जूझ रहा था। इसी कारण दंपती ने करीब 15 दिन के बेटे को किसी अन्य व्यक्ति को देने का फैसला किया था। हालांकि, बच्चे को पालन-पोषण के लिए सौंपने और बाद में रकम लेकर दूसरे लोगों को देने के बीच की पूरी प्रक्रिया अब पुलिस जांच का हिस्सा है।

2 लाख रुपये में बच्चे को लेने की बात आई सामने

पुलिस के मुताबिक, शफीकन के माध्यम से जितेंद्र कुमार उर्फ विक्की, कपिल उर्फ राजवीर और शिवानी ने 28 सितंबर को बच्चे को 2 लाख रुपये में लिया था। पूछताछ में पुलिस को बच्चे को सौंपने और रकम के भुगतान से संबंधित जानकारियां मिली हैं। इसके बाद बच्चे को आगे दूसरे दंपती तक पहुंचाने की बात सामने आई।

संतानहीन दंपती को 5 लाख रुपये में देने का आरोप

पुलिस के अनुसार, बच्चे को बाद में संतानहीन प्रीतम सैनी और सलोचना को 5 लाख रुपये में दिए जाने की बात सामने आई है। सलोचना हरिद्वार के बहादुरपुर सैफी की निवासी बताई गई है। पुलिस पूछताछ में बच्चे को एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति तक पहुंचाने और इस दौरान हुए आर्थिक लेन-देन की कड़ियों का पता चला है। पुलिस मामले में सभी आरोपियों की भूमिका और रकम के बंटवारे से जुड़े तथ्यों की जांच कर रही है।

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दो अस्पतालों में हुआ रुपये और बच्चे का लेन-देन

पुलिस के मुताबिक, मामले में रुपयों का लेन-देन रोनक हॉस्पिटल में डॉ. कपिल उर्फ राजवीर के माध्यम से कराया गया था। वहीं, बच्चे को सौंपने का लेन-देन पीयूष हॉस्पिटल में डॉ. जितेंद्र कुमार के माध्यम से हुआ। पूछताछ में सामने आया कि बच्चे को 5 लाख रुपये में दिए जाने के बाद मिली रकम को आरोपियों ने आपस में बांट लिया था। पुलिस इन लेन-देन की परिस्थितियों और संबंधित व्यक्तियों की भूमिका की पड़ताल कर रही है।

मिली अधिक रकम में सौदे की जानकारी

पुलिस के अनुसार, बच्चे के माता-पिता को बाद में जानकारी हुई कि उसे अधिक रकम में दूसरे दंपती को दिया गया है। इसके बाद मामले की शिकायत पुलिस तक पहुंची। पुलिस का कहना है कि शिकायत की बात सामने आने के बाद आरोपियों की ओर से डेढ़ लाख रुपये और दिए गए। इस घटनाक्रम के बाद पुलिस ने मामले की जांच तेज करते हुए आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की।

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छह आरोपी गिरफ्तार, मासूम परिजनों को सौंपा

नगीना पुलिस ने मामले में नन्दपुर निवासी जितेंद्र कुमार उर्फ विक्की, कपिल उर्फ राजवीर, फरमान, शफीकन, शबनम और हरिद्वार निवासी सलोचना को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने 14 माह के बच्चे को सकुशल बरामद कर उसके परिजनों के सुपुर्द कर दिया। एसपी केके विश्नोई ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में मामले का खुलासा करते हुए पुलिस कार्रवाई की जानकारी दी। गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।

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